Quantum Computing क्या है? आसान भाषा मे समझें।

Quantum Computing तेजी से उभरती हुई एक नई तकनीक है।  जोकि Normal Computers को जिन प्रोग्राम रन करने में बहुत ज्यादा परेशानी होती है।  या बड़ी मुश्किल से इनको रन कर पाते हैं।  Quantum Computing के द्वारा उसे बहुत ही आसानी से रन किया जा सकता है। और काम को बहुत ही तेजी से संपन्न किया जा सकता है। आज किस आर्टिकल में हम बात करेंगे Quantum Computing के बारे में Quantum Computing क्या है? इसके महत्वपूर्ण उपयोग क्या है? और भी बहुत से सवाल जो आपके मन में होंगे क्वांटम कंप्यूटिंग को लेकर उन सभी के बारे में आज हम इस आर्टिकल में चर्चा करेंगे।

Quantum Computing

Quantum Computing वह प्रौद्योगिकी तकनीकी है, जिस पर Quantum Computer आधारित होते हैं। जैसे कि नॉर्मल कंप्यूटर 0 और 1 की लैंग्वेज पर काम करते हैं।  इसी प्रकार Quantum Computer Qubits और bits के आधार पर गणना करते हैं।  Quantum Computing में उपस्थित Qubits  तकनीकी Classical कंप्यूटर से काफी तेज गणना और डेटा का संग्रहण कर लेते हैं।  

क्वांटम सिद्धांत का विकास 1900 में मैक्स प्लैंक की एक प्रस्तुति के साथ शुरू हुआ। प्रस्तुति जर्मन फिजिकल सोसाइटी के लिए थी, जिसमें प्लैंक ने इस विचार को पेश किया कि ऊर्जा और पदार्थ अलग-अलग इकाइयों में मौजूद हैं।

Quantum Computer

जो कंप्यूटर Quantum Computing तकनीकी पर आधारित होते हैं, उन्हें क्वांटम कंप्यूटर कहते हैं। और यह परंपरागत कंप्यूटर से गणना करने में और डाटा संग्रहण करने में काफी तेज होते हैं।  क्योंकि यह Qubits के आधार पर काम करते हैं।

Quantum Programming

क्वांटम कंप्यूटिंग पूरी तरह से नए तरीके से प्रोग्राम लिखने की क्षमता प्रदान करती है। उदाहरण के लिए, एक क्वांटम कंप्यूटर एक प्रोग्रामिंग अनुक्रम को शामिल कर सकता है, जो “सभी पूर्व गणनाओं के सभी superposition ले लो” की तर्ज पर होगा । यह कुछ गणितीय समस्याओं को हल करने के अत्यंत तेज़ तरीकों की अनुमति देगा, जैसे कि बड़ी संख्या का गुणनखंड।

पहला क्वांटम कंप्यूटिंग प्रोग्राम 1994 में पीटर शोर द्वारा पेश किया गया था, जिन्होंने एक क्वांटम एल्गोरिथ्म विकसित किया था जो बड़ी संख्या में कुशलता से कारक बना सकता था।

Superposition and Entanglement in Quantum Computing

superposition का अर्थ है कि क्यूबिट्स एक ही समय में 0 और 1 दोनों को एक साथ दर्शा सकते हैं। और अगर बात करें entanglement की तो entanglement का अर्थ है, कि superposition की अवस्था में क्यूबिट्स एक दूसरे के साथ सहसंबंध भी हो सकते हैं। यानी कि एक की स्थिति दूसरे की स्थिति पर निर्भर करती है। अर्थात इसका मतलब यह हुआ कि क्यूबिट्स आपस में एक दूसरे से जुड़े होते हैं।  जब एक पर कार्य किया जाता है, तो इससे दूसरा भी प्रभावित होता है। 

वैज्ञानिकों ने इस पर बहुत रिसर्च की है। और यह पाया है, कि क्वांटम कंप्यूटर ऐसी जटिल समस्याओं को हल करने में बहुत महत्वपूर्ण हैं। जिनको Classical Computer हल नहीं कर पाते हैं, या उन्हें हल करने में बहुत समय लगता है। ऐसे प्रोग्राम्स को ऐसी समस्याओं को हल करने में क्वांटम कंप्यूटर बहुत तेज हैं। और इन्हें कुशलता से हल कर देते हैं।  और भी बहुत से कार्यों के लिए क्वांटम कंप्यूटर महत्वपूर्ण है। 

स्रोतों के अनुसार मिली जानकारी से बता दें कि साल 2019 में गूगल ने क्वांटम कंप्यूटर पर एक गणना की थी और जो कि महज कुछ सेकंडो में लगभग 200 सेकंड में कंप्लीट हो गई थी। लेकिन साधारण कंप्यूटर पर उसे अनुमानित उस गणना को पूरा करने में लगभग 10000 साल तक लग सकते थे।  यहां अगर हम अनुमान लगाएं तो क्वांटम कंप्यूटर साधारण कंप्यूटर से 100 ट्रिलियन गुना तेज कार्य कर सकता है।

Decoherence in Quantum Computing

Decoherence तब होता है जब qubits का क्वांटम व्यवहार कम हो जाता है। क्वांटम अवस्था को कंपन या तापमान परिवर्तन से तुरंत परेशान किया जा सकता है। यह qubits को superposition से बाहर कर सकता है। और कंप्यूटिंग में त्रुटियों को प्रकट करने का कारण बन सकता है। यह महत्वपूर्ण है कि qubits को इस तरह के हस्तक्षेप से बचाया जाए, उदाहरण के लिए, इंसुलेशन और वैक्यूम चैंबर, सुपरकूल्ड रेफ्रिजरेटर।

Quantum Computer VS Classical Computer

Quantum ComputerClassical Compute
Quantum Computer में Classical Computer की तुलना में अधिक बुनियादी संरचना होती है।उनके पास कोई मेमोरी या प्रोसेसर नहीं है। सभी क्वांटम कंप्यूटर का उपयोग सुपरकंडक्टिंग Qubits का एक सेट है।Classical Computer को अतिरिक्त विशेष देखभाल की आवश्यकता नहीं होती है।वे ज़्यादा गरम होने से बचाने के लिए एक Basic Internal Fan का उपयोग कर सकते हैं।Quantum Processor को थोड़े से कंपन से बचाने की जरूरत है। और इसे बेहद ठंडा रखा जाता है। उस उद्देश्य के लिए सुपर-कूल्ड सुपरफ्लुइड्स का उपयोग किया जाता है।

क्वांटम कम्प्यूटिंग के मुख्य उपयोग

अगर हम बात करें क्वांटम कंप्यूटिंग के महत्वपूर्ण उपयोगों के बारे में तो इसका उपयोग अलग-अलग क्षेत्रों में अलग-अलग कार्यों के लिए किया जाता है।  जिनमें से कुछ मुख्य उपयोग निम्नलिखित हैं –

  • कंपनियां अपने निवेश पोर्टफोलियो को और अधिक अनुकूलित करने के लिए धोखाधड़ी का पता लगाने के लिए क्वांटम कंप्यूटिंग का प्रयोग करती हैं।
  • स्वास्थ्य में भी क्वांटम कंप्यूटिंग का प्रयोग किया जाएगा जो कि नई दवाओं के विकास में काफी सहयोगी रहेगा। 
  • हम और आप देख रहे हैं कि आए दिन साइबरक्राइम बढ़ता जा रहा है। इसके लिए भी क्वांटम कंप्यूटिंग घुसपैठियों का पता लगाने में सक्षम होगा और इसके लिए लाइट सिगनल का उपयोग किया जाएगा। 
  • गतिशीलता यातायात विभागों में भी ट्रैफिक को नियंत्रित करने के लिए एयरवेज कंपनियां भी क्वांटम कंप्यूटिंग का उपयोग करेंगे।

IBM

IBM की Planning 2023 तक 1,000-क्विट क्वांटम कंप्यूटर रखने की है। अभी के लिए, IBM उन शोध संगठनों, विश्वविद्यालयों और प्रयोगशालाओं के लिए अपनी मशीनों तक पहुंच की अनुमति देता है।  जो इसके क्वांटम नेटवर्क का हिस्सा हैं।

Microsoft Azure

Microsoft Azure क्वांटम प्लेटफ़ॉर्म के माध्यम से कंपनियों को क्वांटम तकनीक तक पहुँच प्रदान करता है।

क्वांटम कंप्यूटिंग के बारे में आज हमने इस आर्टिकल में बात की है।  आपको यह जानकारी कैसी लगी कमेंट में जरूर बताएं आपको क्वांटम कंप्यूटर कितना उपयोगी लगता है यह भी जरूर बताएं धन्यवाद ।

Rating: 1 out of 5.

इसी तरह की टेक्नॉलॉजी से जुड़ी आने वाली नई अपडेट्स सबसे पहेले पाने के लिए सोशल नेटवर्क पर हमसे जुड़े।

   बस दिए सोशल मीडिया लोगों पर क्लिक करें।

technology kyon aur kaise facebook groupहमारा फ़ेसबुक ग्रुप जॉइन करें technology kyon aur kaise telegram  channelहमारा एलीग्राम चैनल सबस्क्राइब  करें

Leave a Comment